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हरियाणा सरकार ने गुरुग्राम और फरीदाबाद में सस्ती हाउसिंग स्कीम DDJAY की बंद, सामने आई ये बड़ी वजह


 प्रतीकात्मक तस्वीर फोटो सोशल मीडिया 

गुरुग्राम | हरियाणा सरकार ने एक बड़ा फैसला लेते हुए Affordable पलॉटेड हाउसिंग स्कीम दीन दयाल जन आवास योजना (DDJAY)के तहत, गुरुग्राम और फरीदाबाद जिले में यह योजना बंद कर दी है. बताया जा रहा है कि इन दोनों जिलों में प्लॉट के रेट काफी ऊंचे हो गए थे जिसके चलते लोअर और मिडिल इनकम ग्रुप के घर खरीदारों को नहीं मिल रहा था.

एक अधिकारी ने बताया कि टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (TCP) ने 20 अप्रैल को एक नोटिस जारी किया था. इसमें गुरुग्राम मानेसर अर्बन कॉम्प्लेक्स और फरीदाबाद के फाइनल डेवलपमेंट प्लान 2031 में DDJAY बंद होने के बारे में जानकारी दी गई है.

योजना बंद करने की वजह

विभाग से जुड़े एक अधिकारी ने बताया कि इस योजना की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2016 में हरियाणा से की थी. इस योजना का मकसद लोअर और मिडिल क्लास परिवारों को कम कीमत पर हाउसिंग की सुविधा उपलब्ध कराना था. साथ ही, इस योजना का उद्देश्य था कि हरियाणा में अनअथॉराइजड कालोनियों में डेवलपमेंट पर रोक लगेगी लेकिन जमीन की कीमत बहुत ज्यादा बढ़ जाने के चलते इंडेपेंडेंट फ्लोर बहुत ऊंची कीमत पर बेचें जा रहें थे. इस वजह से यह हाउसिंग स्कीम गुरुग्राम और फरीदाबाद में लोअर और मिडिल क्लास खरीदारों के लिए Anffordable बन गई है.

योजना का मकसद

इस योजना के तहत, इंडिपेंडेंट फ्लोर्स के रजिस्ट्रेशन की अनुमति दी गई थी. इसमें स्टिल्ट पार्किंग की भी अनुमति थी. इस Affordable हाउसिंग स्कीम में मिनिमम और मैक्सिमम प्लांड एरिया क्रमश 5 एकड़ और 15 एकड़ रखा गया था. अधिकारी ने बताया कि शुरुआत में यह पॉलिसी ऐसे शहरों के लिए थी जिसमें लोअर और मिडिल इनकम परिवार रहते हैं लेकिन बाद में गुरुग्राम और फरीदाबाद जैसे शहरों को भी इस योजना में शामिल किया गया था.

योजना बंद करने के प्रस्ताव को गवर्नर की मंजूरी

दोनों जिलों में जमीन के प्राइस ऊंचा होने से इस योजना के तहत, इंडिपेंडेंट फ्लोर्स की कीमतों में भी पूरा उछाल आया है. इस वजह से यह योजना अपने टारगेट को पूरा नहीं कर पा रही थी. जिसके चलते इसी साल फरवरी में गुरुग्राम और फरीदाबाद में इस योजना को बंद करने का फैसला लिया गया था. काउंसलिंग ऑफ मिनिस्टर्स ने इस योजना में संशोधन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. हरियाणा के गवर्नर ने भी 5 अप्रैल को इस योजना को बंद करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई हैं.

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