Skip to main content

नीचे चलेंगी गाड़ियां, ऊपर दौड़ेगी मेट्रो... इसी साल दिल्लीवालों को मिलने वाला है डबल डेकर फ्लाईओवर



नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के लोगों के लिए अच्छी खबर है। इसी साल आपको एक ऐसा डबल डेकर फ्लाईओवर मिलने वाला है जिससे उत्तरपूर्वी हिस्से में ट्रैफिक जाम से निजात मिल जाएगी। खास बात यह है कि नीचे आप गाड़ी लेकर जाएंगे और ऊपर मेट्रो दौड़ती दिखेगी। इसकी डिजाइन भी कमाल की है। जीटी रोड पर बन रहे इस प्रोजेक्ट का 50 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। इस पुल की लंबाई 1.4 किमी है। यह फ्लाईओवर यमुना विहार और भजनपुरा के बीच बन रहा है। नोएडा और गाजियाबाद के लोगों को भी इस पुल के बन जाने से काफी फायदा होगा। उनका काफी समय बचेगा। दिसंबर 2023 तक यह प्रोजेक्ट पूरा होना है। प्रोजेक्ट में शामिल एजेंसियों के अधिकारियों ने बताया है कि उत्तर-पूर्व दिल्ली में डबल-डेक फ्लाईओवर-कम-मेट्रो ट्रेन ट्रैक का काम पूरी स्पीड से चल रहा है। यह जल्द ही पूरा हो जाएगा।



डबल डेकर फ्लाईओवर से फायदे

इस यूनिक फ्लाईओवर के बन जाने से उत्तर और पूर्वी दिल्ली की प्रमुख सड़कों पर यातायात की मुश्किल आसान हो जाएगी और नोएडा-गाजियाबाद के लिए एक आसान रूट मिल सकेगा। जब हमारे सहयोगी अखबार TOI की टीम ने साइट पर जाकर देखा तो पता चला कि सिग्नेचर ब्रिज की तरफ से फ्लाईओवर और दिल्ली मेट्रो कॉरिडोर को सपोर्ट करने वाले पिलर खड़े हो चुके हैं। कुछ हिस्से में फर्श का काम भी शुरू हो चुका है। जगह कम होने के कारण डबल-डेक डिजाइन बनाने की प्लानिंग की गई है। यह काफी सघन आबादी वाला और कॉमर्शियल क्षेत्र है। शहर के इस कोने में यह इस तरह की पहली सुविधा है और दिल्ली मेट्रो के फेज 4 कॉरिडोर का एक हिस्सा होगा।

DMRC के प्रिंसिपल एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर (कॉरपोरेट कम्युनिकेशन) अनुज दयाल ने बताया कि इस हिस्से पर काम तेजी से चल रहा है। 50 प्रतिशत सिविल वर्क पूरा हो चुका है। सभी 41 पियर (पिलर पर बना प्लेटफॉर्म) की ढलाई का काम पूरा हो गया है। इस समय, फ्लाईओवर के लेवल क्रॉस आर्म, मेट्रो पियर कैप, T-गर्डर और U-गर्डर लगाने का काम चल रहा है। फ्लाईओवर के डेक स्लैब की ढलाई का भी काम शुरू है।

फ्लाईओवर का डिजाइन है खास

PWD को यह प्रोजेक्ट इसी साल पूरा करने की डेडलाइन दी गई है। वैसे, DMRC इस पर काम करने वाली प्रमुख एजेंसी है। डीएमआरसी अधिकारियों के मुताबिक फेज-4 के मजलिस पार्क-मौजपुर कॉरिडोर के तहत डबल डेकर पुल बन रहा है। फ्लाईओवर पर ट्रेन कॉरिडोर के नीचे गाड़ियों का ट्रैफिक चलेगा। सड़क के बीच में खड़े पिलरों को विशेष रूप से डिजाइन किया गया है। पिलर की आधी ऊंचाई पर एक स्क्वॉयर का शेप दिखाई देता है और बाकी हिस्सा गर्डर के प्लेटफॉर्म को सपोर्ट करने के लिए अलग से है। सर्कुलर शेप वाले पिलर के ऊपर मेट्रो दौड़ेगी।

व्यस्त बाजार वाले क्षेत्रों से गुजरने वाला यह फ्लाईओवर जीटी रोड पर आ रहे ट्रैफिक के लिए सुगम रास्ता उपलब्ध कराएगा। पूर्वी दिल्ली के क्षेत्रों में गाड़ी वाले आसानी से आ-जा सकेंगे। फ्लाईओवर का काम पूरा होने के बाद उत्तरपूर्व दिल्ली से उत्तर और मध्य दिल्ली के बीच आना जाना काफी आसान और सुविधाजनक हो जाएगा। गोकुलपुरी चौराहे और भजनपुरा-गोकुलपुरी के बीच लगने वाले जाम से राहत मिल जाएगी। इस समय इन इलाकों में दिन में लगभग हर समय ट्रैफिक रहता है।

ब्लूप्रिंट के मुताबिक डबल डेकर फ्लाईओवर में तीन लेन बनाए जाएंगे और प्रत्येक पर दो कैरिजवे होंगे। इस स्ट्रेच की लंबाई करीब 1.4 किमी होगी। ऊपरी हिस्से में बनने वाला मेट्रो पुल जमीन से 18.5 मीटर ऊंचा होगा, जबकि निचले डेक पर सड़क 9.5 मीटर ऊंचाई पर होगी।



Comments

Vyas Media Network

Vyas Media Network

Popular posts from this blog

पूर्व सीएम के PA ने रेवाड़ी CMO को बताया अनुभवहीन:CM सैनी से की शिकायत; बोले- स्वास्थ्य मंत्री अस्पताल पर ध्यान नहीं दे रहीं

     सीएम नायब सैनी काे ज्ञापन सौंपते हुए पूर्व CM के पीएम अभिमन्यू यादव हरियाणा के रेवाड़ी का सरकारी अस्पताल सुर्खियों में आ गया है। पूर्व सीएम मनोहर लाल खट्टर के PA अभिमन्यु यादव ने स्वास्थ्य मंत्री पर आरोप लगाया कि वो गृह जिले की सुविधाओं का ध्यान नहीं कर रही है। जिसके चलते यहां व्यवस्था बदहाल हो गई है। रेवाड़ी अस्पताल को लेकर अभिमन्यु यादव ने सीएम नायब सैनी को शिकायती पत्र में कहा कि रेवाड़ी का CMO अनुभवहीन है। सीएमओ को पॉलीक्लिनिक चलाने का ही अनुभव है। अनुभवहीन सीएमओ के कारण यहां की व्यवस्था बिगड़ रही है। जिससे पूरे अस्पताल के प्रबंधन पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। अभिमन्यु यादव के पत्र के अहम प्वाइंट 1. रेडियोलॉजिस्ट की कमी: रेवाड़ी अस्पताल में नियुक्त रेडियोलॉजिस्ट को प्रतिनियुक्ति पर भेज दिया गया है। जिससे यहां कोई नियमित रेडियोलॉजिस्ट उपलब्ध नहीं है। अल्ट्रासाउंड की तारीख 3 महीने बाद की दी जाती है। कभी-कभी केस की तारीख के कारण यह तारीख 3 महीने और आगे बढ़ जाती है। 2. त्वचा रोग विभाग पूर्णत निष्क्रिय: डर्मेटोलॉजी विभाग में कोई स्किन स्पेशलिस्ट नहीं कार्यरत है। जिससे मरीजों ...

रेवाड़ी अस्पताल के जच्चा-बच्चा कक्ष में छत का प्लॉस्टर गिरा:घटना के समय 6 महिलाएं मौजूद थीं, सभी को दूसरी जगह शिफ्ट किया

  घटना वाले कक्ष की छत के हालात रेवाड़ी में स्थित सरकारी अस्पताल के जच्चा-बच्चा कक्ष में छत से प्लॉस्टर गिर गया। प्लॉस्टर गिरने के समय 6 महिलाएं मौके पर मौजूद थी। जिन्हें घटना के बाद अस्पताल के दूसरे कक्ष में शिफ्ट किया गया। घटना से अस्पताल में भर्ती मरीजों में दहशत का माहौल बन गया था। रेवाड़ी अस्पताल स्थित जच्चा बच्चा कक्ष में वीरवार को दोपहर करीब डेढ़ बजे छत से प्लॉस्टर गिर गया। प्लॉस्टर एक महिला के पास में गिरा, जिससे जच्चा-बच्चा कक्ष में चीख-पुकार मच गई। ड्यूटी पर तैनात नर्सिंग स्टाफ ने तुरंत अस्पताल प्रबंधन को बताया। जिसके बाद मरीजों को वहां से फर्स्ट फ्लोर पर शिफ्ट किया गया। डिलीवरी मरीज थी ज्यादा रेवाड़ी अस्पताल के में डिलीवरी के लिए आई गर्भवती महिलाओं की संख्या ज्यादा हो गई थी। जिसके कारण ग्राउंड फ्लोर पर भी डिलीवरी के बाद महिलाओं को यहां रखा गया था। हादसा हुआ तो मौजूद महिलाओं के परिजन बिफर गए। जिन्होंने कहा कि यहां पर महिलाएं सुरक्षित नहीं है। अस्पताल प्रशासन ने ऐसे कमरे में रखा है, जहां पर कभी भी हादसा हो सकता है।

हरियाणा कांग्रेस अध्यक्ष नरेंद्र के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट:CLU के बदले 30-50 करोड़ रुपए मांगने के आरोप; 12 साल पुराना है केस

  कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामले में कोर्ट में चालान पेश किया गया है।               कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामले में कोर्ट में चालान पेश किया गया है। हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने करीब 12 साल पुराने भ्रष्टाचार के मामले में कांग्रेस के नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष और पूर्व हेल्थ मिनिस्टर राव नरेंद्र सिंह के खिलाफ नारनौल कोर्ट में पीसी एक्ट के तहत चालान पेश किया है। राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि इससे राव नरेंद्र की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। कांग्रेस के अध्यक्ष पर आरोप है कि उन्होंने धर्मेंद्र कुहाड़ से पलवल में 30 एकड़ जमीन की सीएलयू (CLU) कराने की एवज में 30 से 50 करोड़ रुपए की डिमांड की थी। धर्मेंद्र कुहाड़ ने इसका स्टिंग ऑपरेशन करके ऑडियो व वीडियो रिकॉर्डिंग कर ली थी, जिसकी सीडी बनाकर उसने इनेलो के तत्कालीन विधायक रामपाल माजरा को दी। रामपाल माजरा ने साल 2014 में प्रदेश के लोकायुक्त के पास शिकायत नंबर 44 दर्ज कराई थी। इनेलो की ओर से स्टिंग ऑप...