Skip to main content

निकाय चुनाव को लेकर जजपा की तैयारी : 47 नगर परिषदों व पालिकाओं में चुनाव प्रभारी नियुक्त, दिग्विजय को सोहना की जिम्मेदारी

 


चंडीगढ़। प्रदेश में होने वाले आगामी नगर निकाय चुनाव को लेकर जननायक जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने मंगलवार को मंथन किया। चंडीगढ़ स्थित जेजेपी प्रदेश कार्यालय पर आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला व पार्टी प्रदेश अध्यक्ष सरदार निशान सिंह की मौजूदगी में वरिष्ठ नेताओं ने चुनाव पर चर्चा की और 47 चुनावी नगर परिषदों व नगर पालिकाओं में चुनाव को लेकर प्रभारी नियुक्त किए। डिप्टी सीएम ने सभी नवनियुक्त प्रभारियों को फील्ड में उतरकर चुनाव की तैयारियों पर जुट जाने सहित कई आवश्यक दिशा-नर्दिेश दिए। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री देवेंद्र बबली, मंत्री अनूप धानक, जेजेपी के वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. केसी बांगड़, राष्ट्रीय संगठन सचिव राजेंद्र लितानी, विधायक अमरजीत ढांडा, यूएलबी सेल के प्रभारी ईश्वर मान, पूर्व विधायक सतवद्रिं राणा, जेजेपी प्रदेश कार्यालय सचिव रणधीर सिंह, एससी सेल के प्रदेश अध्यक्ष अशोक शेरवाल, सूबे सिंह बोहरा, देवेंद्र कादियान आदि वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

पार्टी द्वारा चरखी दादरी में चेयरमैन राजदीप फौगाट व ईश्वर मान, कैथल में अशोक शेरवाल, चीका में सरदार निशान सिंह, राजौंद में सतविंद्र राणा, हांसी में शीला भ्याण व भाग सिंह छातर, बरवाला में राजेंद्र लितानी व पिरथी नंबरदार, फतेहाबाद में सरदार निशान सिंह व विधायक जोगीराम सिहाग, टोहाना में सरदार निशान सिंह व कैबिनेट मंत्री देवेंद्र बबली, भूना में देवेंद्र बबली, रतिया में सरदार निशान व शगनजीत, सोहना में दिग्विजय सिंह चौटाला, झज्जर में डॉ. केसी बांगड़ व बलवान सुहाग और बहादुरगढ़ में मंत्री अनूप धानक व रविंद्र सांगवान चुनाव प्रभारी होंगे। इसी तरह जींद में डॉ. केसी बांगड़ व जितेंद्र शर्मा, नरवाना में डॉ. केसी बांगड़ व भाग सिंह छातर, सफीदों में कृष्ण राठी व धर्मबीर सिहाग, उचाना में राजेंद्र लितानी व जगदीश सिहाग, पलवल में दिनेश डागर व कृष्ण जाखड़, होडल में पूर्व मंत्री चौधरी हर्ष कुमार को जेजेपी ने चुनाव प्रभारी बनाया हैं। वहीं मंडी डबवाली में विधायक नैना सिंह चौटाला, ऐलनाबाद में हरी सिंह भारी, रानियां में राधे श्याम शर्मा, गोहाना में विधायक अमरजीत ढांडा, गन्नौर में सुमित राणा, कुंडली में चेयरमैन पवन खरखौदा, नारायणगढ़ में विधायक रामनिवास सुरजा खेड़ा व ओपी सिहाग और अंबाला सदर में प्रदेश कार्यालय सचिव रणधीर सिंह व अशोक शेरवाल को चुनाव प्रभारी नियुक्त किया है।

इनके अलावा महेंद्रगढ़ में महेश चौहान व वजीर मान, नारनौल में राव अभिमन्यु, नांगल चौधरी में अनीता यादव, समालखा में देवेंद्र कादियान, तरावड़ी में गुरुदेव रंभा, निसिंग में कुलदीप मुल्तानी, घरौंडा में सुमित राणा, असंध में बृज शर्मा, इस्माईलाबाद में प्रो. रणधीर चीका, पिहोवा में विधायक ईश्वर सिंह, रोशन ढांडा व जसविंदर खैरा, शाहाबाद में विधायक रामकरण काला व रणधीर सिंह, लाडवा में डॉ. केसी बांगड़ व गुरवद्रिं तेजली, नूंह में दलबीर धनखड़, फिरोजपुर झिरका में मोहसिन चौधरी, पुन्हाना में सूबे सिंह बोहरा, बावल में पूर्व विधायक रामबीर पटौदी, महम में सूरजभान काजल, भिवानी में अनूप धानक व संजीव मंदौला, कालका में देवेंद्र बबली और साढौरा में दिलबाग नैन चुनाव प्रभारी होंगे।



Comments

Vyas Media Network

Vyas Media Network

Popular posts from this blog

पूर्व सीएम के PA ने रेवाड़ी CMO को बताया अनुभवहीन:CM सैनी से की शिकायत; बोले- स्वास्थ्य मंत्री अस्पताल पर ध्यान नहीं दे रहीं

     सीएम नायब सैनी काे ज्ञापन सौंपते हुए पूर्व CM के पीएम अभिमन्यू यादव हरियाणा के रेवाड़ी का सरकारी अस्पताल सुर्खियों में आ गया है। पूर्व सीएम मनोहर लाल खट्टर के PA अभिमन्यु यादव ने स्वास्थ्य मंत्री पर आरोप लगाया कि वो गृह जिले की सुविधाओं का ध्यान नहीं कर रही है। जिसके चलते यहां व्यवस्था बदहाल हो गई है। रेवाड़ी अस्पताल को लेकर अभिमन्यु यादव ने सीएम नायब सैनी को शिकायती पत्र में कहा कि रेवाड़ी का CMO अनुभवहीन है। सीएमओ को पॉलीक्लिनिक चलाने का ही अनुभव है। अनुभवहीन सीएमओ के कारण यहां की व्यवस्था बिगड़ रही है। जिससे पूरे अस्पताल के प्रबंधन पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। अभिमन्यु यादव के पत्र के अहम प्वाइंट 1. रेडियोलॉजिस्ट की कमी: रेवाड़ी अस्पताल में नियुक्त रेडियोलॉजिस्ट को प्रतिनियुक्ति पर भेज दिया गया है। जिससे यहां कोई नियमित रेडियोलॉजिस्ट उपलब्ध नहीं है। अल्ट्रासाउंड की तारीख 3 महीने बाद की दी जाती है। कभी-कभी केस की तारीख के कारण यह तारीख 3 महीने और आगे बढ़ जाती है। 2. त्वचा रोग विभाग पूर्णत निष्क्रिय: डर्मेटोलॉजी विभाग में कोई स्किन स्पेशलिस्ट नहीं कार्यरत है। जिससे मरीजों ...

रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव: राव साहब की नाराज़गी भाजपा को पड़ सकती है भारी, BJP के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है कि राव साहब को साथ रखे या राजनीतिक नुकसान उठाए, जहां राव का इशारा होता है, वहां समीकरण बदल जाते हैं

    रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव: राव साहब की नाराज़गी भाजपा को पड़ सकती है भारी! रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव को लेकर भाजपा इस बार कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं दिख रही। पार्टी अच्छी तरह जानती है कि राव इंद्रजीत सिंह अगर नाराज़ हुए, तो पूरा खेल बिगड़ सकता है। दक्षिण हरियाणा की राजनीति में राव साहब अपनी रणनीति, संगठन क्षमता और पसंदीदा उम्मीदवार को जिताने की ताकत के लिए जाने जाते हैं। इसका सबसे ताज़ा उदाहरण मानेसर निगम चुनाव रहा, जहां भाजपा ने पूरी ताकत झोंकी, लेकिन अपनी पसंद के प्रत्याशी सुंदरलाल को जीत नहीं दिला सकी। कारण साफ था—राव साहब ने अपनी समर्थक डॉ. इंद्रजीत यादव को निर्दलीय मैदान में उतार दिया और जीत भी दिलवा दी। वहीं, पिछले रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव में भी राव साहब का दबदबा साफ नजर आया। उन्होंने अपनी समर्थक पूनम यादव को टिकट दिलवाकर मैदान में उतारा। संगठन के कुछ नेताओं ने अंदरखाने विरोध और बगावत की, लेकिन भीतरघात के बावजूद राव समर्थक पूनम यादव अध्यक्ष बनने में सफल रहीं। अब आगामी चुनाव में भाजपा के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है कि राव साहब को साथ रखे या राजनीतिक नुकसान उठाए। क्य...

नगर निकाय चुनाव में भी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के फिर दबाव में आएगी भाजपा...?

      राव समर्थक या संगठन का होगा चेहरा   रेवाड़ी नगर परिषद चेयरपर्सन पद के चेहरे को लेकर भाजपा में लगातार मंथन का दौर जारी है। आम लोगों में चर्चा है कि क्या गत विधानसभा चुनाव की तरह नगर निकाय चुनाव में भी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह  को तरजीह मिलेगी या फिर पार्टी संगठन अपनी चला पाएगा। टिकट लेने की लाइन में एक तरफ तो वह चेहरे है जो वर्षों से पार्टी में रहकर संगठन को मजबूत कर रहे हैं। वहीं दूसरी और केंद्रीय मंत्री राव इंदरजीत सिंह के खास समर्थक है जो राव के आशीर्वाद से टिकट प्राप्त करना चाहते हैं। । गत विधानसभा चुनाव की बात करें तो केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह को पार्टी ने फ्री हैंड दिया था। जिस तरह से पार्टी ने उन पर विश्वास जताया था उसका परिणाम भी सामने आया था। दक्षिणी हरियाणा की 11 विधानसभा सीटों में से  10 विधानसभा सीट जीत कर भाजपा की झोली में डाली थी। भाजपा जानती है कि केंद्रीय मंत्री  राव इंदरजीत सिंह का इस क्षेत्र में काफी प्रभाव है। पार्टी राव की नाराजगी मोल लेकर  अपने दम पर चुनाव में चेहरा उतारने का दम नहीं दिखा पा रही। चर्चा यह...