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पर्यटन के नक्शे पर उभरेगा मोरनी: वाटर स्पोर्ट्स का शुभारंभ, पैराग्लाइडिंग जल्द होगी शुरू, पिंजौर में होगा हॉट एयर बैलून

 

       मोरनी में वाटर स्पोर्ट्स का शुभारंभ करते सीएम मनोहर लाल।

मोरनी-टिक्करताल क्षेत्र में लोगों का रोजगार बढ़ाने की योजना के तहत होम स्टे पॉलिसी बनाई गई है। इस पॉलिसी से लोगों की आमदनी तो बढ़ेगी ही साथ ही पर्यटकों को भी अधिक सुविधा मिल सकेगी।


पंचकूला का मोरनी-टिक्करताल देश के नक्शे में अपनी अलग पहचान बनाएगा। हरियाणा से होकर गुजरने वाले पर्यटक टिक्करताल के रोमांचक वाटर स्पोर्ट्स की तरफ आकर्षित होंगे। गोवा के बाद उत्तर भारत के टिक्करताल में यह वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां शुरू हो रही हैं। यह बात यहां मोरनी में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कही। 

सीएम ने होम स्टे, फॉर्म टूरिज्म और बस टूर पैकेज की विवरणिका का विमोचन किया। उन्होंने कहा कि मोरनी टिक्करताल में टूरिज्म गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए हर आवश्यक व्यवस्था की जाएगी। इसी कड़ी में एक निजी होटल समूह ने पर्यटकों के लिए हेलिकॉप्टर सुविधा की प्रयोगात्मक शुरुआत भी कर दी है। लाइसेंस आदि की आवश्यक औपचारिकता पूर्ण करने के बाद यह सुविधा और बढ़ेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि टिक्करताल में पैराग्लाइडिंग की सुविधा भी जल्द शुरू हो जाएगी। इसमें कुछ औपचारिकताएं अभी बाकी हैं, जो शीघ्र पूरी कर ली जाएंगी।  वहीं, पिंजौर में भी हॉट बैलून गतिविधि के लिए कंपनी से समझौता हो चुका है, यह भी जल्द शुरू होगी। मोरनी-टिक्करताल क्षेत्र में मोबाइल कनेक्टिविटी, रोड कनेक्टिविटी और पेट्रोल पंप आदि की व्यवस्था बनाने के लिए काम किया जा रहा है। इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता, सांसद रतनलाल कटारिया एवं पूर्व विधायक लतिका शर्मा भी मौजूद थीं

अन्य स्थानों पर भी वाटर स्पोर्ट्स को दिया जाएगा बढ़ावा  
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कई अन्य स्थानों पर वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां शुरू करने की योजना है। कुरुक्षेत्र का ब्रह्मसरोवर, करनाल की कर्ण लेक, दमदमा लेक, रोहतक में तिलियार लेक आदि में भी वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां शुरू की जा सकती हैं।

होम स्टे और फॉर्म स्टे पॉलिसी से स्थानीय लोगों को मिलेगा रोजगार 
मुख्यमंत्री ने कहा कि मोरनी-टिक्करताल क्षेत्र में लोगों का रोजगार बढ़ाने की योजना के तहत होम स्टे पॉलिसी बनाई गई है। इस पॉलिसी से लोगों की आमदनी तो बढ़ेगी ही साथ ही पर्यटकों को भी अधिक सुविधा मिल सकेगी। इसके अलावा इस क्षेत्र में फॉर्म टूरिज्म को बढ़ावा देने की योजना बनाई गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में जल भराव की समस्या के समाधान के लिए जल्द ही वाटर पुलिंग पॉलिसी लाई जाएगी। इसके तहत जिन क्षेत्रों में जलभराव की समस्या है वहां पर लेक का निर्माण किया जाएगा, ताकि भूमि सुधार के साथ-साथ पर्यटन को बढ़ावा दिया जा सके।

हरियाणा की जीडीपी में पर्यटन का हिस्सा अभी कम 
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में पर्यटन को बढ़ावा देने की पर्याप्त संभावनाएं हैं। अभी तक प्रदेश की जीडीपी में टूरिज्म का हिस्सा बहुत कम यानी मात्र 0.3 प्रतिशत है। इसे बढ़ाने के लिए हरियाणा सरकार निरंतर प्रयास कर रही है। पर्यटन विभाग के कुछ प्राइम लोकेशन को घाटे से उभारने के लिए पीपीपी मोड पर काम करने की भी संभावना है।



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