Skip to main content

गुलाम नबी आज़ाद ने की पीएम की तारीफ, केजरीवाल का बीजेपी पर आरोप और उद्धव के मंत्री का इस्तीफा | पढ़ें बड़ी खबरें

 


. चव्हाण आत्महत्या मामले में आरोपों से घिरे महाराष्ट्र के वन मंत्री संजय राठौड़ ने इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने सीएम उद्धव ठाकरे को अपना इस्तीफा सौंपने के बाद कहा कि मैं भारी मन से इस्तीफा दे रहा हूं. बंजारा समाज की लड़की ने पिछले दिनों आत्महत्या की, उसको लेकर बहुत राजनीती हुई.


1. कांग्रेस नेता गुलाम नबी आज़ाद ने जम्मू में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ की. पीएम का ज़िक्र करते हुए उन्होंने कहा कि हमारे प्रधानमंत्री कहते हैं कि वो गांव से थे, कुछ भी नहीं थे, बर्तन मांजते थे, चाय बेचते थे. सियासी तौर पर हम उनके खिलाफ हैं, लेकिन कम से कम जो अपनी असलियत है उसको नहीं छिपाते. जो आदमी अपनी असलियत छुपाता है वह आरज़ी दुनिया में रहता है. आदमी को फख्र होना चाहिए. 

2. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मेरठ की किसान महापंचायत में बीजेपी पर बड़ा आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि लाल किले का पूरा कांड बीजेपी की सरकार ने कराया और जिन्होंने झंडे फहराए वो इनके अपने कार्यकर्ता थे. उन्होंने कहा कि हमने शुरू से ही इस आंदोलन में हिस्सा लिया. ये तीनों कानून किसानों के डेथ वारंट हैं. 

3. भारतीय किसान यूनियन के प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कृषि कानूनों में संशोधन के सवाल पर कहा है कि हमें संशोधन नहीं चाहिए, कानून खत्म होना चाहिए. इसके साथ ही उन्होंने शामली की महापंचायत में किसानों से कहा कि वो अपने ट्रैक्टरों में तेल भरवा कर रखें, कभी भी दिल्ली की कॉल आ सकती

4. पूजा चव्हाण आत्महत्या मामले में आरोपों से घिरे महाराष्ट्र के वन मंत्री संजय राठौड़ ने इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने सीएम उद्धव ठाकरे को अपना इस्तीफा सौंपने के बाद कहा कि मैं भारी मन से इस्तीफा दे रहा हूं. बंजारा समाज की लड़की ने पिछले दिनों आत्महत्या की, उसको लेकर बहुत राजनीती हुई. मैं चाहता हूं, इस मामले की निष्पक्ष जांच हो

5. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने नरेंद्र मोदी सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि सभी धर्मों को राजनीति से जुड़ना चाहिए, लेकिन मोदी सरकार बोलने की आजादी नहीं देती है. तमिलनाडु के तिरुनेलवेली में राहुल गांधी ने कहा, "जब मैं रात में सोने जाता हूं तो मुझे सिर्फ 30 सेकेंड में नींद आ जाती है, क्योंकि मुझे मिस्टर मोदी से डर नहीं लगता



Comments

Vyas Media Network

Vyas Media Network

Popular posts from this blog

पूर्व सीएम के PA ने रेवाड़ी CMO को बताया अनुभवहीन:CM सैनी से की शिकायत; बोले- स्वास्थ्य मंत्री अस्पताल पर ध्यान नहीं दे रहीं

     सीएम नायब सैनी काे ज्ञापन सौंपते हुए पूर्व CM के पीएम अभिमन्यू यादव हरियाणा के रेवाड़ी का सरकारी अस्पताल सुर्खियों में आ गया है। पूर्व सीएम मनोहर लाल खट्टर के PA अभिमन्यु यादव ने स्वास्थ्य मंत्री पर आरोप लगाया कि वो गृह जिले की सुविधाओं का ध्यान नहीं कर रही है। जिसके चलते यहां व्यवस्था बदहाल हो गई है। रेवाड़ी अस्पताल को लेकर अभिमन्यु यादव ने सीएम नायब सैनी को शिकायती पत्र में कहा कि रेवाड़ी का CMO अनुभवहीन है। सीएमओ को पॉलीक्लिनिक चलाने का ही अनुभव है। अनुभवहीन सीएमओ के कारण यहां की व्यवस्था बिगड़ रही है। जिससे पूरे अस्पताल के प्रबंधन पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। अभिमन्यु यादव के पत्र के अहम प्वाइंट 1. रेडियोलॉजिस्ट की कमी: रेवाड़ी अस्पताल में नियुक्त रेडियोलॉजिस्ट को प्रतिनियुक्ति पर भेज दिया गया है। जिससे यहां कोई नियमित रेडियोलॉजिस्ट उपलब्ध नहीं है। अल्ट्रासाउंड की तारीख 3 महीने बाद की दी जाती है। कभी-कभी केस की तारीख के कारण यह तारीख 3 महीने और आगे बढ़ जाती है। 2. त्वचा रोग विभाग पूर्णत निष्क्रिय: डर्मेटोलॉजी विभाग में कोई स्किन स्पेशलिस्ट नहीं कार्यरत है। जिससे मरीजों ...

रेवाड़ी शहर से जीते हुए निर्दलीय पार्षदों ने निसंदेह ही लोकतंत्र को शर्मशार कर दिया है...? भरोसा किस पर किया जाए...? रेवाड़ी के नागरिक अपने आप को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं 12 वाले सर्वेसर्वा बन गये, 19 लुप्त हो गये आपका निजी फैसला न तो जनतंत्र की रक्षा कर पाया, न ही आपके - एक पार्षद होने के सम्मान की रक्षा कर पाया

  रेवाड़ी शहर से जीते हुए निर्दलीय पार्षदों ने निसंदेह ही लोकतंत्र को शर्मशार कर दिया है।* *जनता के बीच वे सब जवाब देह हैं।* *भरोसा किस पर किया जाए?*  *रेवाड़ी के नागरिक अपने आप को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं सवाल यह है भी है कि  लोकतंत्र क्या केवल भाषणों में सुनने और कागजों में ही पढ़ने तक ही सीमित है? क्या उसका कोई व्यवहारिक पहलू नहीं है? आज भी आप के लिए यह थोड़े ठण्डे मन से सोचने की दरकार है। विकास की दलील भी बिल्कुल बेतुकी तार्किक है। कम बजट में भी आप ईमानदारी से, बिना किसी भ्रष्टाचार के, जनता की असली समस्याओं को केन्द्रित कर, जनता की कमेटियां बना कर, जनता की निगरानी में कराते तो हरियाणा की नगर पालिका के इतिहास में एक बड़ी लकीर खींच सकते थे। आपका निजी फैसला न तो जनतंत्र की रक्षा कर पाया, न ही आपके - एक पार्षद होने के सम्मान की रक्षा कर पाया। *पूरे रेवाड़ी शहर की सरकार, इसका बजट, विकास कार्यों के निर्णय लेने का अधिकार सब कुछ तो आपकी मुट्ठी में आ गया था। ना जाने क्यूं आपने अपनी मुट्ठी इतनी सहज ढंग से उन्हीं की झोली में खोल दी जिनके खिलाफ आप चुन कर आए थे।* नगर परिषद का चेयर...

रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव: राव साहब की नाराज़गी भाजपा को पड़ सकती है भारी, BJP के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है कि राव साहब को साथ रखे या राजनीतिक नुकसान उठाए, जहां राव का इशारा होता है, वहां समीकरण बदल जाते हैं

    रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव: राव साहब की नाराज़गी भाजपा को पड़ सकती है भारी! रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव को लेकर भाजपा इस बार कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं दिख रही। पार्टी अच्छी तरह जानती है कि राव इंद्रजीत सिंह अगर नाराज़ हुए, तो पूरा खेल बिगड़ सकता है। दक्षिण हरियाणा की राजनीति में राव साहब अपनी रणनीति, संगठन क्षमता और पसंदीदा उम्मीदवार को जिताने की ताकत के लिए जाने जाते हैं। इसका सबसे ताज़ा उदाहरण मानेसर निगम चुनाव रहा, जहां भाजपा ने पूरी ताकत झोंकी, लेकिन अपनी पसंद के प्रत्याशी सुंदरलाल को जीत नहीं दिला सकी। कारण साफ था—राव साहब ने अपनी समर्थक डॉ. इंद्रजीत यादव को निर्दलीय मैदान में उतार दिया और जीत भी दिलवा दी। वहीं, पिछले रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव में भी राव साहब का दबदबा साफ नजर आया। उन्होंने अपनी समर्थक पूनम यादव को टिकट दिलवाकर मैदान में उतारा। संगठन के कुछ नेताओं ने अंदरखाने विरोध और बगावत की, लेकिन भीतरघात के बावजूद राव समर्थक पूनम यादव अध्यक्ष बनने में सफल रहीं। अब आगामी चुनाव में भाजपा के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है कि राव साहब को साथ रखे या राजनीतिक नुकसान उठाए। क्य...