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कैसे होगा घर का सपना पूरा: गाजियाबाद में संपत्ति खरीदना हुआ महंगा, सर्किल रेट बढ़े


प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : फाइल फोटो

संपत्ति खरीदना अब महंगा हो जाएगा। छह साल बाद गाजियाबाद में जमीनों के सर्किल रेट आठ से 22 फीसदी तक बढ़ जाएंगे। स्टांप विभाग ने सर्वे पूरा कर कॉलोनियों में जमीनों के बढ़े सर्किल रेट की सूची जारी कर दी है। बृहस्पतिवार को इस सूची को कलक्ट्रेट और सभी तहसीलों में सब-रजिस्ट्रार कार्यालय में चस्पा कर ऑनलाइन भी अपलोड कर दिया गया है। इस सूची पर एक सप्ताह तक आपत्तियां मांगी गई हैं। मिलने वाली आपत्तियों का निस्तारण कर नई दरों को लागू कर दिया जाएगा।

इससे पहले 2016 में जमीनों के सर्किल रेट बढ़ाए गए थे, इसके बाद प्रदेश में सर्किल रेट नहीं बढ़ाए गए। वर्ष 2020 में कोरोना संक्रमण की वजह से हुए लॉकडाउन के चलते सर्किल रेट की बढ़ोतरी टाल दी गई थी। अब सर्किल रेट में बढ़ोतरी करने के लिए एक माह से सर्वे कराया जा रहा था। यह सर्वे पूरा होने के बाद अब सूची जारी कर दी गई है। एडीएम वित्त एवं राजस्व विवेक श्रीवास्तव का कहना है कि अधिकांश कॉलोनियों में आठ से 10 फीसदी और कुछ कॉलोनियों में अधिकतम 22 फीसदी तक सर्किल रेट बढ़ाया गया है। उनका कहना है कि बीते छह साल में शहर की कई कॉलोेनियों में जमीनों के रेट दोगुने हो चुके हैं। उनका कहना है कि सर्किल रेट की औसत बढ़ोतरी 15 फीसदी तक रहेगी।

एक्सप्रेसवे और रैपिड रेल कॉरिडोर के आसपास बढ़ेंगे सबसे ज्यादा रेट
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे और रैपिड रेल कॉरिडोर के निर्माण के बाद इनके आसपास कॉलोनियां विकसित होनी शुरू हो गई है। इनके आसपास जमीनों के बाजार भाव सबसे ज्यादा बढे़ हैं। दुहाई क्षेत्र में विकसित हो रही नई कॉलोनियों में जहां 10 से 12 हजार रुपये प्रतिवर्ग मीटर रेट थे, वहीं अब 20 से 25 हजार रुपये रेट हो गए हैं। इसी तरह डासना, मसूरी में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे और मुरादनगर, मोदीनगर में रैपिड रेल कॉरिडोर के निर्माण का असर जमीनों के रेट पर पड़ा है। ऐसे में इन क्षेत्रों में कृषि भूमि के सर्किल रेट करीब 10 से 12 फीसदी बढ़ाए जाने की तैयारी कर ली गई है। हालांकि आवासीय क्षेत्र में सर्किल रेट में बढ़ोतरी नहीं की गई है।

यहां दे सकेंगे आपत्तियां
एडीएम वित्त एवं राजस्व विवेक श्रीवास्तव ने बताया कि सर्किल रेट की सूची चस्पा कर दी गई हैं। इस पर आपत्ति के लिए कलक्ट्रेट में भूतल पर कमरा नंबर-120 तय कर दिया गया है। यहां आपत्तियां लेने के लिए कर्मचारियों की तैनाती कर दी गई है। इस कक्ष में लोग 3 अगस्त तक आपत्तियां दे सकेंगे। इसके बाद समिति इन आपत्तियों पर सुनवाई कर निस्तारण करेगी। इसके बाद इन्हें लागू करने के लिए जिलाधिकारी की ओर से आदेश जारी किए जाएंगे।

पुरानी इन कॉलोनियों में सबसे ज्यादा हो सकती है बढ़ोतरी
कॉलोनी वर्तमान                    सर्किल रेट/वर्गमी.                         प्रस्तावित दरें
कौशांबी                           72500 से 90000 रुपये               76000 से 95000 रुपये

वैशाली                             67500 से 81000 रुपये               71000 से 85000 रुपये
वसुंधरा                             56500 से 70000 रुपये               59300 से 73000 रुपये
इंदिरापुरम                        66500 से 80000 रुपये                69800 से 84000 रुपये
सूर्यनगर, चंद्रनगर              80000 से 96000 रुपये                84000 से 101000 रुपये
कविनगर                         46000 से 52000 रुपये                 55200 से 62400 रुपये
गांधीनगर                         46000 से 51000 रुपये                 55200 से 61200 रुपये
दयानंद नगर                     38000 से 41000 रुपये                 45600 से 49200 रुपये
पंचवटी कॉलोनी                34000 से 42000 रुपये                  40800 से 50400 रुपये
क्रासिंग रिपब्लिक             19000 से 23000 रुपये                   22800 से 27600 रुपये
नेहरू नगर सेकेंड             39000 से 50000 रुपये                  45600 से 60000 रुपये
नेहरू नगर थर्ड                 39000 से 50000 रुपये                  46800 से 60000 रुपये
नूरनगर-सद्दीकनगर            22000 से 30000 रुपये                  25000 से 34000 रुपये
आरडीसी आवासीय            53000 से 63000 रुपये                  60000 से 72000 रुपये




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