Skip to main content

Maharashtra Govt Crisis LIVE: महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी सरकार गिरी, उद्धव ठाकरे ने राज्यपाल को सौंपा इस्तीफा



Maharashtra Political Crisis Live Updates: महाराष्ट्र की राजनीति के लिए आज (29 जून) का दिन बेहद अहम है. राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी (Bhagar Singh Koshyari) ने उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) को चिट्ठी लिखकर बहुमत साबित करने को कहा, लेकिन फ्लोर टेस्ट से पहले ही उद्धव ठाकरे ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया. राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने संविधान में मिली शक्ति का इस्तेमाल करते हुए उद्धव सरकार को 30 जून को बहुमत साबित करने को कहा था.

बागी विधायक एकनाथ शिंदे ने आज गुवाहाटी में कामाख्या मंदिर में दर्शन किए और महाराष्ट्र की जनता की सुख समृद्धि के लिए मां कामाख्या से मन्नत मांगी. शिंदे गुट के सभी विधायक मंदिर पहुंचे थे. दर्शन के बाद एकनाथ शिंदे ने कहा कि मैंने महाराष्ट्र की जनता की सुख समृद्धि के लिए मां कामाख्या से मन्नत मांगी है. एकनाथ शिंदे गुट के सभी विधायक गुरुवार को मुंबई जाएंगे.

30 June 2022
00:01 AM

महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी सरकार गिरी, उद्धव का इस्तीफा

महाराष्ट्र में पिछले 9 दिनों से चल रहे सियासी उठापटक के बाद आखिरकार उद्धव ठाकरे सरकार गिर ही गई. उद्धव ठाकरे ने बुधवार रात राजभवन जाकर राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी को अपने मंत्रिमंडल का इस्तीफा सौंप दिया. उनके साथ उनके बेटे और कैबिनेट मंत्री आदित्य ठाकरे, एनसीपी कोटे से कैबिनेट मंत्री अनिल परब समेत कई वरिष्ठ मंत्री भी राजभवन पहुंचे थे. इस घटनाक्रम के साथ ही राज्य में बीजेपी और शिवसेना शिंदे गुट की सरकार बनने का रास्ता साफ हो गया है. 

22:17 PM

बीजेपी आज ही पेश कर सकती है सरकार बनाने का दावा

सूत्रों के मुताबिक, बीजेपी आज ही सरकार बनाने का दावा पेश कर सकती है. बीजेपी के नेता आज देर रात राज्यपाल से मुलाकात कर सकते हैं.

22:14 PM

उद्धव के इस्तीफे के बाद बीजेपी में खुशी की लहर

महाराष्ट्र के पूर्व सीएम और बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस के साथ राज्य बीजेपी प्रमुख चंद्रकांत पाटिल और पार्टी के अन्य नेता मुंबई के ताज प्रेसिडेंट होटल में एक बैठक के लिए पहुंचे हैं. उद्धव ठाकरे के सीएम पद से इस्तीफा देने के बाद नेताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाई और नारे लगाए.

21:49 PM

MLC पद से उद्धव ठाकरे का इस्तीफा

उद्धव ठाकरे ने महाराष्ट्र के सीएम पद के साथ ही विधान परिषद की सदस्यता से भी इस्तीफा दे दिया है.

21:49 PM

NCP और कांग्रेस के लोगों को उद्धव ने कहा- शुक्रिया

उद्धव ठाकरे ने आगे कहा कि NCP और कांग्रेस के लोगों को धन्यवाद देना चाहता हूं कि उन्होंने मेरा साथ दिया. आज शिवसेना से सिर्फ मैं, अनिल परब, सुभाष देसाई और आदित्य ये चार ही लोग उस प्रस्ताव के पास होने के समय मौजूद रहे.

21:47 PM

औरंगाबाद का नाम बदलने पर उद्धव ने जताई खुशी

उद्धव ठाकरे ने कहा कि आज मंत्रिमंडल की बैठक हुई, मुझे इसका संतोष है कि बालासाहेब ठाकरे ने जिन शहरों का जो नाम रखा था, औरंगाबाद का नाम संभाजीनगर और उस्मानाबाद का नाम धाराशिव आज हमने उनको वे नाम आधिकारिक तौर पर दिए हैं.



Comments

Vyas Media Network

Vyas Media Network

Popular posts from this blog

पूर्व सीएम के PA ने रेवाड़ी CMO को बताया अनुभवहीन:CM सैनी से की शिकायत; बोले- स्वास्थ्य मंत्री अस्पताल पर ध्यान नहीं दे रहीं

     सीएम नायब सैनी काे ज्ञापन सौंपते हुए पूर्व CM के पीएम अभिमन्यू यादव हरियाणा के रेवाड़ी का सरकारी अस्पताल सुर्खियों में आ गया है। पूर्व सीएम मनोहर लाल खट्टर के PA अभिमन्यु यादव ने स्वास्थ्य मंत्री पर आरोप लगाया कि वो गृह जिले की सुविधाओं का ध्यान नहीं कर रही है। जिसके चलते यहां व्यवस्था बदहाल हो गई है। रेवाड़ी अस्पताल को लेकर अभिमन्यु यादव ने सीएम नायब सैनी को शिकायती पत्र में कहा कि रेवाड़ी का CMO अनुभवहीन है। सीएमओ को पॉलीक्लिनिक चलाने का ही अनुभव है। अनुभवहीन सीएमओ के कारण यहां की व्यवस्था बिगड़ रही है। जिससे पूरे अस्पताल के प्रबंधन पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। अभिमन्यु यादव के पत्र के अहम प्वाइंट 1. रेडियोलॉजिस्ट की कमी: रेवाड़ी अस्पताल में नियुक्त रेडियोलॉजिस्ट को प्रतिनियुक्ति पर भेज दिया गया है। जिससे यहां कोई नियमित रेडियोलॉजिस्ट उपलब्ध नहीं है। अल्ट्रासाउंड की तारीख 3 महीने बाद की दी जाती है। कभी-कभी केस की तारीख के कारण यह तारीख 3 महीने और आगे बढ़ जाती है। 2. त्वचा रोग विभाग पूर्णत निष्क्रिय: डर्मेटोलॉजी विभाग में कोई स्किन स्पेशलिस्ट नहीं कार्यरत है। जिससे मरीजों ...

रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव: राव साहब की नाराज़गी भाजपा को पड़ सकती है भारी, BJP के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है कि राव साहब को साथ रखे या राजनीतिक नुकसान उठाए, जहां राव का इशारा होता है, वहां समीकरण बदल जाते हैं

    रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव: राव साहब की नाराज़गी भाजपा को पड़ सकती है भारी! रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव को लेकर भाजपा इस बार कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं दिख रही। पार्टी अच्छी तरह जानती है कि राव इंद्रजीत सिंह अगर नाराज़ हुए, तो पूरा खेल बिगड़ सकता है। दक्षिण हरियाणा की राजनीति में राव साहब अपनी रणनीति, संगठन क्षमता और पसंदीदा उम्मीदवार को जिताने की ताकत के लिए जाने जाते हैं। इसका सबसे ताज़ा उदाहरण मानेसर निगम चुनाव रहा, जहां भाजपा ने पूरी ताकत झोंकी, लेकिन अपनी पसंद के प्रत्याशी सुंदरलाल को जीत नहीं दिला सकी। कारण साफ था—राव साहब ने अपनी समर्थक डॉ. इंद्रजीत यादव को निर्दलीय मैदान में उतार दिया और जीत भी दिलवा दी। वहीं, पिछले रेवाड़ी नगर परिषद चुनाव में भी राव साहब का दबदबा साफ नजर आया। उन्होंने अपनी समर्थक पूनम यादव को टिकट दिलवाकर मैदान में उतारा। संगठन के कुछ नेताओं ने अंदरखाने विरोध और बगावत की, लेकिन भीतरघात के बावजूद राव समर्थक पूनम यादव अध्यक्ष बनने में सफल रहीं। अब आगामी चुनाव में भाजपा के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है कि राव साहब को साथ रखे या राजनीतिक नुकसान उठाए। क्य...

नगर निकाय चुनाव में भी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के फिर दबाव में आएगी भाजपा...?

      राव समर्थक या संगठन का होगा चेहरा   रेवाड़ी नगर परिषद चेयरपर्सन पद के चेहरे को लेकर भाजपा में लगातार मंथन का दौर जारी है। आम लोगों में चर्चा है कि क्या गत विधानसभा चुनाव की तरह नगर निकाय चुनाव में भी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह  को तरजीह मिलेगी या फिर पार्टी संगठन अपनी चला पाएगा। टिकट लेने की लाइन में एक तरफ तो वह चेहरे है जो वर्षों से पार्टी में रहकर संगठन को मजबूत कर रहे हैं। वहीं दूसरी और केंद्रीय मंत्री राव इंदरजीत सिंह के खास समर्थक है जो राव के आशीर्वाद से टिकट प्राप्त करना चाहते हैं। । गत विधानसभा चुनाव की बात करें तो केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह को पार्टी ने फ्री हैंड दिया था। जिस तरह से पार्टी ने उन पर विश्वास जताया था उसका परिणाम भी सामने आया था। दक्षिणी हरियाणा की 11 विधानसभा सीटों में से  10 विधानसभा सीट जीत कर भाजपा की झोली में डाली थी। भाजपा जानती है कि केंद्रीय मंत्री  राव इंदरजीत सिंह का इस क्षेत्र में काफी प्रभाव है। पार्टी राव की नाराजगी मोल लेकर  अपने दम पर चुनाव में चेहरा उतारने का दम नहीं दिखा पा रही। चर्चा यह...