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कैप्टन-भाजपा के बीच दूरियां खत्म: मनोहर लाल ने बताया भाजपा और अमरिंदर का एक ही लक्ष्य-कांग्रेस की हार

 

       फोटो सोशल मीडिया

सोमवार को कैप्टन अमरिंदर और सीएम मनोहर लाल के बीच मुलाकात हुई थी। उसके बाद से कैप्टन की पार्टी व भाजपा के बीच गठबंधन की चर्चा तेज हो गई है।


कैप्टन अमरिंदर सिंह और भाजपा के बीच गठबंधन की उम्मीद जगने लगी है। कांग्रेस से इस्तीफे के बाद से कैप्टन पंजाब में नई सियासी जमीन तलाश रहे थे, अब लगता है कि उनका इंतजार खत्म होने वाला है। हरियाणा के सीएम मनोहर लाल से मुलाकात के बाद कैप्टन ने भाजपा के शीर्ष नेतृत्व से मिलने की बात कही थी। अब इसी पर मनोहर लाल का बयान आया है। मनोहर लाल ने कहा है कि पंजाब के पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह गलत पार्टी में थे। उन्होंने कांग्रेस छोड़ दी, जितनी दूरियां थीं अब खत्म हो गई हैं। अमरिंदर के साथ उनके व्यक्तिगत संबंध पहले भी थे। 

चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री ने कहा कि कैप्टन अमरिंदर ने पंजाब में नई पार्टी बनाई है, इसलिए वह उनसे मिलने आए थे। यह मुलाकात उनकी सद्भावनापूर्ण भेंट थी। हमें मिलकर कांग्रेस को हराना है। यही कैप्टन भी चाहते हैं और भाजपा का भी मुख्य लक्ष्य है। कैप्टन की पार्टी के साथ भाजपा के गठबंधन के सवाल पर मनोहर लाल ने कहा, चुनाव को लेकर कोई भी बैठक पार्टी हाईकमान के साथ ही होगी। सोमवार को कैप्टन अमरिंदर और सीएम मनोहर लाल के बीच मुलाकात हुई थी। उसके बाद से कैप्टन की पार्टी व भाजपा के बीच गठबंधन की चर्चा तेज हो गई है

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों पर दर्ज केस वापस लेने का अधिकार राज्यों का है, लेकिन इसमें केंद्र सरकार की जो भी व्यवस्था देगी, उसके अनुसार ही कदम उठाएंगे। केस के आंकड़े सरकार और किसान संगठनों के अलग-अलग हैं। इसलिए किसानों के आंकड़ों के साथ भी मिलान किया जाएगा। कितने किसानों पर मुकदमे दर्ज हैं, कितनों की मौत हुई है, इसमें आ रहे अंतर को खत्म करने के लिए किसान संगठनों से डाटा मांगा गया है। संगठनों से सूची मिलने के बाद आगामी बातचीत की जाएगी। सरकार को जो भी कदम उठाने होंगे, वे उठाएंगे। उनकी मांगों पर केंद्र सरकार विचार कर रही है। प्रदेश सरकार भी उसी तर्ज पर आगे बढ़ेगी। सूत्रों के अनुसार केंद्र सरकार ने हाल ही में प्रदेश सरकार को सामान्य केसों की वापसी व आंदोलन के दौरान मारे गए किसानों के परिवारों को मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू करने को कहा है। उसके बाद सरकार हरकत में आई है। 



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